खरड़ 1 जनवरी (Geenews Network)
छज्जू माजरा रोड पर एक निर्माणाधीन शोरूम की शनिवार शाम करीब पांच बजे दूसरी मंजिल की छत डालने के दौरान एक लेंटर गिर गया था। हादसे के वक्त वहां पर 11 मजदूर काम कर रहे थे। जैसे ही छत गिरी तो मजदूर भागकर बाहर की ओर आए लेकिन एकाएक हुए हादसे के कारण पहली मंजिल की छत और बेसमेंट की छत भी गिर गई। इस कारण उसमें मिस्त्री और काम के लिए मजदूर देने वाला कर्मी अजय कुमार (40) और एक मजदूर नीतिश वासी बिहार दब गए। इन्हें लोगों, प्रशासनिक और एनडीआरएफ की टीम ने मिलकर बचाकर फेज-6 स्थित अस्पताल में भेज दिया था। वहां इलाज के दौरान अजय की मौत हो गई। वहीं नीतिश का इलाज चल रहा है। उसके हाथ और टांग में फ्रैक्चर आया है।प्राथमिक जांच में सामने आया कि शोरूम की छत जल्दबाजी में डालने के चलते हादसा हुआ है। वहीं इमारत में घटिया मैैटीरियल इस्तेमाल होने के भी मजदूर नीतिश और अन्य ने आरोप लगाए हैं। शटरिंग खोले बिना एक के ऊपर छत डालने के चलते लेंटर भार संभाल नहीं पाया और लेंटर समेत पूरी बिल्डिंग नीचे आ गिरी थी। घटना की सूचना मिलने के लगभग आधे घंटे बाद मौके पर डीएसपी रूपिंदर कौर सोही टीम समेत पहुंची। उनके साथ ही फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस भी पहुंची थी।पुलिस के मुताबिक मामले में घायलों के बयान के आधार पर बिल्डिंग के ठेकेदार की पहचान दिनेश कुमार के रूप में हुई है। उस पर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया। वहीं पुलिस बिल्डिंग के निर्माण को लेकर संबंधित मंजूरियों की जांच भी की जा रही है।शोरूम मालिक पर अभी तक नहीं हुई कोई कार्रवाई पुलिस ने हादसे में अजय की मौत होने के बाद बिल्डिंग का ठेका लेने वाले दिनेश कुमार वासी सैदपुर सोहाड़ा के खिलाफ केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। वहीं हादसे में घायल हुए मजदूर नीतिश और अन्य मजदूरों का कहना है कि इसमें ठेकेदार द्वारा काम में बरती गई जल्दबाजी इमारत गिरने का एक मुख्य कारण है। वहीं ठेकेदार दिनेश द्वारा इमारत में इस्तेमाल किया गया मैटीरियल भी घटिया क्वालिटी का होने के चलते यह हादसा हुआ है। वहीं अब तक शोरूम मालिक पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
दो साल पहले भी शनिवार के दिन ही गिरी थी एक इमारत
बता दें कि अवैध निर्माण करने वाले छुट्टी वाले दिन ही काफी तेजी और लापरवाही से काम को अंजाम देते हैं। इस कारण ही हादसे होते हैं। करीब दो साल पहले 8 फरवरी 2020 को भी शनिवार के दिन ही लांडरां-खरड़ रोड पर एक तीन मंजिला इमारत ढह गई थी। इसमें दो लोगों को निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया था। इमारत के बगल में एक प्लॉट की खुदाई का काम चल रहा था जिस कारण इमारत गिर गई थी। वहीं हादसे में इमारत के पास खड़े दो मोबाइल टॉवर भी गिर गए थे मंत्री एंव खरड़ की विधायक की चेतावनी के बावजूद भी नहीं रुके अवैध कार्य
