आरोपियों की निशानदेही पर 200 ग्राम सोने के बिस्कूट और बरामद
मोहाली,29 जुलाई (Geenews network)इम्रिगेशन फ्रॉड में पकड़ी गई साल 2019 में मिसेज चंडीगढ़ रही अपर्णा सरगोता व उसके बेटे कुणाल नागपाल को पिछला रिमांड खत्म होने के बाद फेज-11 थाना पुलिस ने दोबारा से मोहाली अदालत में पेश किया। अदालत ने दोनों आरोपियों का एक दिन का पुलिस रिमांड बढ़ा दिया है। एसएचओ फेज-11 गगनदीप सिंह ने बताया कि आरोपी अपर्णा से 200 ग्राम और सोने के बिस्कुट बरामद हुए हैं। इससे पहले उसे 500 ग्राम सोने के बिस्कुट व 7 लाख कैश के साथ गिरफ्तार किया था। अपर्णा का पति संजय सिंह पहले से इमिग्रेशन फ्रॉड में जेल में बंद है। आरोपियों के खिलाफ इमिग्रेशन फ्रॉड के करीब 30 मामले दर्ज हैं। सोहाना थाने में आरोपियों के खिलाफ और भी शिकायतें आ रही है, जिसमें आरोपियों को नामजद किया जाएगा। पति संजय सिंह के गिरफ्तार होने के बाद अपर्णा सरगोता बेटे के साथ फरार हो गई थी। वह दोनों लंबे समय तक फरार रहे हंै। आरोपी ठगी के पैसों से सोने के बिस्कुट खरीदते थे। अपर्णा पेशे से वकील है। उस पर व उसके पति पर चंडीगढ़ से 16 के करीब मामले दर्ज हैं। वर्ष 2019 में 40 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में अपर्णा मिसेज चंडीगढ़ का खिताब जीती थी। दोनों पति-पत्नी इमिग्रेश्र कंपनी चला रहे थे। चंडीगढ़ के महंगे स्कूल में बच्चे के एडमिशन को लेकर भी लोगों को ठगा आरोपियों के खिलाफ डेराबस्सी की एक महिला ने शिकायत दी थी कि अपर्णा ने अपने पति का नाम ईएस जोसफ बताकर उसके बेटे की चंडीगढ़ सेक्टर-26 के एक निजी स्कूल में एडमिशन करवाने के नाम पर 5 लाख रुपए और इन्वेस्टमेंट के नाम पर 16 लाख रुपए लिए थे। न तो बेटे का एडमिशन करवाया, न ही इनवेस्टमेंट की। इस पर महिला ने मोहाली पुलिस को शिकायत दी थी। महिला ने बताया था कि पैसे ठगने के बाद वह एडवोकेट होने की धमकी देकर कोर्ट में झूठा मुकदमा चलाने की धमकी देती थी।
