-पोस्टमार्टम रिपोर्ट अनुसार युवती के गले की टूटी हुई थी हड्डी, गला घोंटने से हुई थी मौत
फेज-8 थाने में तैनात था एएसआई , एक्टिवा पर लेकर आया था शव , सीसीटीवी से हुआ था खुलासा
–-बर्खास्त एएसआई के खिलाफ कत्ल का मामला दर्ज , परिवार सहित फरार
मोहाली 22 नवम्बर(Geenews Network), मोहाली -गांव सोहाना में बने छप्पड़ (टोभे) के पास 13 नवंबर को 23 वर्षीय नसीब नाम की युवती का संदिग्ध हालत में शव मिला था। उस शव को बर्खास्त एएसआई रशप्रीत सिंह एक्टिवा पर फेंक कर गया था। बर्खास्त एएसआई रशप्रीत सिंह फेज-8 थाने में तैनात था। डकैती का मामला दर्ज होने के बाद उसे नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया था। रशप्रीत को पंचकूला में गैंगस्टरों से हुई पुलिस मुठभेड़ के बाद टांग पर गोली लगी थी जिसके बाद उसे तरक्की देकर एएसआई बनाया गया था। आरोपित रशप्रीत के खिलाफ सोहाना थाने में आईपीसी की धारा 302 के तहत मामला दर्ज किया गया है। डीएसपी हरसिमरन सिंह बल ने बताया कि रशप्रीत अभी फरार जिसकी तलाश जारी है। नसीब के साथ रिलेशनशिप में था रशप्रीतपुलिस पूछताछ में यह बात सामने आई है कि आरोपित रशप्रीत सिंह नसीब के साथ रिलेशनशिप में था। रशप्रीत पहले से शादीशुदा था जिसकी जानकारी नसीब को नहीं थी। पुलिस को मृतक नसीब के मोबाइल से दोनों की चैटिंग से उनके रिलेशनशिप का पता चला है। वहीं, रशप्रीत ही एक्टिवा पर उसका शव छप्पड़ के पास फेंक कर गया था। जिसका खुलासा सीसीटीवी में हुआ था।सोहाना में पीजी रहती थी नसीब नसीब अपनी शिमला निवासी सहेली के साथ सोहाना में पीजी रहती थी। उसने अपनी सहेली को बताया था कि उसका एक रिश्तेदार बीमार है जिसे वह दवाई देने जा रही है और उसके बाद उसने उसका फोन नहीं उठाया। पुलिस ने युवती के शव के पास से उसका मोबाइल फोन बरामद किया था, जिससे मामले का खुलासा हुआ। नसीब का शव एक राहगीर को सोहाना के छप्पड़ के पास मिला था। जिसने पुलिस कंट्रोल रुम पर इसकी सूचना दी थी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया था। पूछताछ में यह बात सामने आई थी नसीब मूल रूप में अबोहर की रहने वाली थी। नसीब सेक्टर-5 पंचकूला के जिंदल अस्पताल में स्टाफ नर्स लगी हुई थी, इससे पहले वह मोहाली के ग्रेशियन सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में नौकरी करती थी। मौत होने से 15 दिन पहले ही नसीब मोहाली आई थी और पीजी में रह रही थी।
