मोहाली 9 मई (Geenews Network) मोहाली विजीलेंस ब्यूरो ने पंजाब शिक्षा विभाग के पांच कर्मचारियों को 2007 में ईटीटी/जेबीटी/टीचिंग फैलोज के लगभग 9998 पदों की पंजाब स्तर पर भर्ती करने संबंधी सरकारी रिकॉर्ड में गड़बड़ी करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान मंजीत सिंह जुनियर असिस्टेंट, मोिहंदर सिंह सीनियर असिस्टेंट, धर्मपाल सीनियर असिस्टेंट तीनों डिस्ट्रिक्ट एजुकेशन आफिस (डीईओ) ऐलीमेंट्री लुधियाना से रिटायर्ड, नरिंदर कुमार जुनियर असिस्टेंट व मित्रा वासू सीनियर असिस्टेंट (डीईओ) एलीमेंट्री गुरदासपुर के रुप में हुई है। आरोपियों के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो थाना मोहाली में आईपीसी की धारा 409, 420, 465, 467, 468, 471, 120बी और भ्रष्टाचार निवारक अधिनियम की धारा 7 (13) (1) ( ए), 13 (2) के अंतर्गत मामला दर्ज िकया गया है। आरोपियों को मोहाली अदालत में पेश किया गया जहां अदालत ने आरोपियों को तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। वीजीलेंस जांच में सामने आया कि यह कर्मचारी अलग-अलग समय पर डीईओ (एलिमेंट्री) लुधियाना और गुरदासपुर में तैनात रहे थे और साल 2007 में ईटीटी/जेबीटी/ टीचिंग फैलोज के पंजाब स्तर पर लगभग 9998 पदों के लिए आवेदन करने वाले हजारों उम्मीदवारों का भर्ती रिकॉर्ड, जैसे चैक लिस्टें, मैरिट सूचियां, जांच सूचियां, अनुभव संबं सर्टिफिकेट, उम्मीदवारों की अंतिम चयन/मैरिट आदि रिकॉर्ड सुरक्षित रखने के लिए जिम्मेदार थे। इन कर्मचारियों ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत के साथ इस रिकॉर्ड को सुरक्षित रखने में अनियमितताएं की और गड़बड़ी की है। वििजलेंस की जांच में यह भी सामने आया कि चुने गए कई उम्मीदवारों द्वारा अनुभव के जाली सर्टीफिकेटों सहित अन्य फर्जी दस्तावेज पेश करने संबंधी शिकायतें सामने आने उपरांत उक्त दोषी अपने अधीन सुरक्षित रखे जरुरी रिकॉर्ड को वििजलेंस ब्यूरो के समक्ष पेश करने में असफल रहे। इस मामले में पूछताछ पूरी होने पर इन आरोपी कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि इस चयन प्रक्रिया के दौरान तैनात रहे अधिकारियों व कर्मचारियों की भूमिका की भी कानून के अनुसार गहराई से जांच की जाएगी।

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